
कतरास : धनबाद जिला के बाघमारा प्रखंड अंतर्गत कतरास में रैयती खतियानी जमीन का हेराफेरी करने बड़ा मामला सामने आया है। शातिर भू माफियाओं ने बड़े ही चतुराई से पहले अंचल के भ्रष्ट कर्मियों के मिलीभगत से 71 डिसमिल जमीन को ऑनलाइन में चढ़ाया फिर उसमें से 14 डिसमिल बेच दिया।
पहले 71 डिसमिल जमीन ऑनलाइन कराया फिर 14 डिसमिल जमीन बेच दिया – मुकेश सिंह
दरअसल कतरास के तिलाटांड़ मौजा में बिजली ऑफिस के पीछे जगेश्वर राय के नाम से खतियान में दर्ज जमीन को भूमाफियाओं ने फर्जी दस्तावेजों के सहारे खरीद बिक्री कर लिया है। इस मामले में खतियानी के पीड़ित वंशज मुकेश सिंह ने प्रेस वार्ता कर बताया कि तिलाटांड़ मौजा(251), खाता संख्या- 11 के प्लॉट संख्या- 8 रकवा 15 डिसमिल, प्लॉट संख्या- 160 रकवा 10 डिसमिल, प्लॉट संख्या- 180 रकवा 8 डिसमिल, प्लॉट संख्या- 181 रकवा 36 डिसमिल, प्लॉट संख्या- 119 रकवा 2 डिसमिल कुल रकवा 71 डिसमिल जमीन उनके परदादा जगेश्वर राय के नाम से खतियान में दर्ज है। उक्त जमीन को मेरे दादा अथवा परिवार के किसी अन्य सदस्य ने अब तक किसी को बिक्री नहीं किया है। जमीन का ऑफलाइन रसीद भी 2017 तक कटा हुआ है। किसी कारणवश जमीन का ऑनलाइन रसीद नहीं कटवा सका। जमीन के कागजातों का देख रेख मेरे दादा गोपाल सिंह ही करते थे। कुछ महीना पहले ही उनकी मृत्यु हुई है। उनकी मृत्यु के बाद ही भूमाफियाओं ने मेरे पुस्तैनी जमीन का वारा न्यारा किया है।
जमीन कारोबारी हरिमोहन सिंह पर पहले भी कई जमीनों का जाली दस्तावेज बनाकर हेराफेरी करने का है आरोप
उन्होंने कहा कि जाली और फर्जी दस्तावेज बनाकर पड़ोस के सोनिया देवी पति स्व० फिरंगी मिस्त्री, पता- शिव मंदिर, तिलातांड़, कतरास बाजार के द्वारा 14 मई को उक्त खाता के प्लॉट संख्या- 181 रकवा 36 डिसमिल में से 11 डिसमिल जमीन पड़ोस के ही हरि मोहन सिंह पिता- स्व० राधा मोहन सिंह, पता- शिव मंदिर, तिलातांड़, कतरास बाजार एवं 3 डिसमिल जमीन हरि मोहन सिंह के पोता राहुल कुमार को बेच दिया। इस खरीद बिक्री में विक्रेता सोनिया देवी के कथित पुत्र संतोष मिस्त्री एवं प्रदीप लाला गवाह के तौर पर हस्ताक्षर किए हैं। उन्होंने हरि मोहन सिंह को जालसाज बताते हुए इस अवैध खरीद बिक्री का मास्टर माइंड बताया। मुकेश सिंह ने दावा किया कि उक्त जमीन उनकी पुस्तैनी जमीन है तथा जमीन से संबंधित खतियान, 2017 तक की रसीद एवं अन्य कई दस्तावेज उनके पास मौजूद हैं। खतियानधारी की बहु स्व गोपाल सिंह की पत्नी कमला देवी एवं उनकी बहु पुष्पा देवी ने रोते हुए बताया कि इनलोगों ने उक्त जमीन में 2011-12 तक खेती किया है और अभी जानकारी मिल रहा है कि जमीन दलालों और भू माफियाओं ने उनकी जमीन को गलत तरीके से अपने नाम कर लिया है। मुकेश सिंह ने कहा कि मामले की शिकायत धनबाद उपायुक्त, एसएसपी एवं अन्य अधिकारियों से कर के उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। मौके पर मुकेश सिंह, पुष्पा देवी शहीद गौरी शंकर सिंह(CRPF) के बहन, स्व गोपाल सिंह की पत्नी कमला देवी, रविन्द्र सिंह, बैधनाथ सिंह, कामदेव सिंह, गुड़िया देवी, सीता देवी, गीता देवी, सबुरलाल सिंह, अर्जुन सिंह दिलीप सिंह, हाराधन महतो सहित परिवार के अन्य लोग मौजूद थे।

हरि मोहन सिंह, राहुल कुमार व संतोष मिस्त्री ने आरोपों को निराधार बताया
इधर विक्रेता सोनिया देवी से संपर्क करने का प्रयास किया गया लेकिन उनसे संपर्क नहीं हो पाया। वहीं संतोष मिस्त्री से उनके परिजनों ने दूरभाष पर बात कराया तो उन्होंने ने स्वयं को सोनिया देवी का पुत्र बताते हुए कहा कि उक्त जमीन 1970 में ही सोनिया देवी के पति फिरंगी मिस्त्री के नाम से खरीद लिया गया है। उक्त जमीन का डीड, पंजी 2 में नाम एवं ऑनलाइन रसीद भी कटता आ रहा है। उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। मामले को लेकर उक्त जमीन के खरीददार राहुल कुमार एवं उनके दादा हरिमोहन सिंह ने प्रेस वार्ता कर बताया कि उक्त जमीन सोनिया देवी के पति फिरंगी मिस्त्री ने वर्ष 1970 में स्व० गोपाल सिंह से खरीदा है। उक्त जमीन का ऑनलाइन रसीद, संबंधित डीड एवं अन्य दस्तावेजों का पूरा जांच पड़ताल करवाकर सही पाया गया उसके बाद ही इस जमीन की खरीद की है। उन्होंने अपने ऊपर लगाए गए फर्जीवाड़ा और जालसाजी के आरोपों को गलत बताया।
