
कतरास : सोनारडीह ओपी क्षेत्र अंतर्गत बीसीसीएल एरिया-03 में बहियारडीह के पास बंद पड़े खदान मुहाने को दोबारा खोलकर लंबे समय से अवैध कोयला खनन और तस्करी का खेल धड़ल्ले से चलाया जा रहा था। स्थानीय लोगों का आरोप है कि तस्करों द्वारा दिनदहाड़े कोयले की निकासी कर उसे बिहार, बंगाल और यूपी तक भेजा जा रहा था।
कोयलांचल क्षेत्र में लगातार हो रहे अवैध खनन ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। भू-धसान और अवैध खनन के कारण कई लोगों की जान जा चुकी है, जबकि कई परिवार अपना घर और संपत्ति खो चुके हैं। बाघमारा विधानसभा क्षेत्र के कई इलाकों में ऐसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, जिससे स्थानीय लोगों में भय का माहौल बना हुआ है।
ग्रामीणों का कहना है कि कोयला तस्कर बाहरी मजदूरों को बुलाकर आबादी वाले क्षेत्रों के नीचे अवैध खनन करवा रहे हैं। इससे लोगों को हर समय इस बात का डर सताता रहता है कि कहीं उनका घर अचानक जमीनदोज न हो जाए।

हैरानी की बात यह है कि धनबाद सांसद और बाघमारा विधायक के आवास से कुछ ही किलोमीटर की दूरी पर मुराईडीह से चिटाहीधाम जाने वाले मार्ग में यह अवैध कारोबार खुलेआम संचालित हो रहा था। प्रशासनिक उदासीनता से नाराज बहियारडीह की महिलाओं ने अवैध खनन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। महिलाओं ने पहले अवैध खनन स्थल पर पहुंचकर जमकर विरोध प्रदर्शन और हंगामा किया। लेकिन जब इसके बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो उन्होंने बीसीसीएल एरिया-03 कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर बीसीसीएल, सीआईएसफ ओर जिला प्रशासन के खिलाफ नाराजगी जताई।

महिलाओं के विरोध के बाद बीसीसीएल, सीआईएसएफ एवं स्थानीय पुलिस ने अवैध खनन के खिलाफ की छापेमारी
महिलाओं के बढ़ते विरोध और जनआक्रोश के बाद बीसीसीएल, सीआईएसएफ और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीम हरकत में आई। इसके बाद सीआईएसएफ की सुरक्षा में बीसीसीएल अधिकारियों और स्थानीय पुलिस ने बहियारडीह के समीप संचालित अवैध खनन स्थल पर छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान भारी मात्रा में अवैध कोयला जब्त किया गया।
हालांकि स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में लंबे समय से चल रहे इस अवैध कारोबार पर अब तक प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के कारण कोयला तस्करों का मनोबल लगातार बढ़ता गया। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध खनन पर स्थायी रोक लगाने के साथ इसमें शामिल तस्करों और संरक्षण देने वालों पर भी कड़ी कार्रवाई की जाए।
