
धनबाद : शहर की स्वच्छता व्यवस्था को और अधिक मजबूत और प्रभावी बनाने के लिए धनबाद नगर निगम ने कड़े कदम उठाने का निर्णय लिया है। इस संबंध में शुक्रवार को हुई स्वच्छता समीक्षा बैठक में नगर आयुक्त आशीष गंगवार की अध्यक्षता में कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। बैठक में अपर नगर आयुक्त, सहायक नगर आयुक्त, नगर प्रबंधक, नगर मिशन प्रबंधक, डीआईएमएसडब्ल्यूएल एवं सुलभ इंटरनेशनल के प्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक में निर्णय लिया गया कि नगर निगम और डीआईएमएसडब्ल्यूएल के सभी सफाई वाहनों में व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम लगाया जाएगा। इससे सफाई कार्य तय रूट चार्ट के अनुसार होगा और इसकी निगरानी सेनिटरी सुपरवाइजर करेंगे। साथ ही सिटी मैनेजर और सहायक नगर आयुक्त द्वारा नियमित निरीक्षण किया जाएगा। नगर निगम क्षेत्र के स्लम इलाकों में एक माह तक विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। इसके तहत नियमित झाड़ू, बैकलेन की सफाई और विशेष स्वच्छता लक्ष्य इकाइयों की पहचान की जाएगी। स्कूलों में स्वच्छता जागरूकता के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी के साथ समन्वय बैठक भी होगी।
वहीं नगर निगम क्षेत्र में प्रतिदिन 100 किलोग्राम या उससे अधिक कचरा उत्पन्न करने वाले भवनों और संस्थानों को बल्क वेस्ट जनरेटर घोषित किया गया है। ऐसे संस्थानों को अपने परिसर में ही गीले कचरे के निपटान के लिए कम्पोस्टिंग, बायोगैस या अन्य स्वीकृत व्यवस्था अनिवार्य रूप से करनी होगी। डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को भी और सख्त किया जाएगा। एक फरवरी से सभी कचरा संग्रहण वाहनों में वीटीएस लगाने और उसका डेटा नगर निगम को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। साथ ही माइकिंग के जरिए कचरा पृथक्करण और ठोस अपशिष्ट प्रबंधन को लेकर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा। इसके अलावा कम्युनिटी और पब्लिक टॉयलेट की सफाई के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा। ब्रांड एंबेसडर और सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर्स के सहयोग से ‘पेंट माई सिटी’ और स्वच्छता जागरूकता अभियान शुरू किया जाएगा, जिससे शहर की दीवारों और सार्वजनिक स्थलों को नया रूप मिलेगा। नगर निगम के इन फैसलों से आने वाले दिनों में धनबाद की स्वच्छता व्यवस्था में बड़ा सुधार होने की उम्मीद है।
