
डीएमएफटी फंड की बर्बादी जनहित में नहीं, सड़क की उपयोगिता नहीं है तो इसकी जानकारी उपायुक्त को दूंगी – शारदा सिंह
कतरास: शुक्रवार को बाघमारा प्रखंड अंतर्गत निचितपुर एक पंचायत के अरविंद आश्रम के समीप अल्युमिनियम फैक्ट्री से लेकर भंडारी बांध तक लगभग 17 सौ फीट लंबी सड़क का शिलान्यास बाघमारा विधायक शत्रुघ्न महतो एवं गिरिडीह सांसद प्रतिनिधि सुभाष रवानी के द्वारा संयुक रूप से किया गया। इस सड़क का निर्माण लघु सिंचाई प्रमंडल धनबाद के द्वारा डीएमएफटी फंड से किया जायेगा। इस अवसर पर मौके पर मौजूद भाजपा कतरास मंडल अध्यक्ष सूर्यदेव मिश्रा, भाजपा नेता सह पूर्व जिप सदस्य सुभाष राय, भाजपा नेता पंकज सिन्हा, सीटू मिश्रा, राजकुमार प्रमाणिक, काशीनाथ सिंह, राजेश प्रमाणिक, पूर्व मुखिया बीरू महतो आदि मौजूद रहे।

जनता की मांग पर पूरे बाघमारा क्षेत्र में विकास कार्य हो रहा है – शत्रुघ्न महतो
प्रेस को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मेरे एवं सांसद जी के प्रयास से आए दिन क्षेत्र में कहीं ना कहीं सड़क, पुल, पुलिया, शेड, नाली आदि का शिलान्यास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 1700 फीट लंबी सड़क का निर्माण कराया जायेगा जिसके लिए आज शिलान्यास किया गया है। जब उनसे पूछा गया कि यहां दूर-दूर तक एक भी घर दिखाई नहीं दे रहा है फिर इस सड़क से किसको लाभ मिलेगा। इस पर उन्होंने कहा कि जनता की मांग पर पूरे बाघमारा में चारों ओर विकास हो रहा है। बगल के दास टोला में भी जल्द ही सड़क निर्माण का कार्य शुरू होगा।

जहां आबादी शून्य वहां लाखों के फंड से बनेगा सड़क, कहीं सड़क और नाली के अभाव में जी रहे हैं लोग
डीएमएफटी फंड की बर्बादी देखना हो तो धनबाद जिले के विभिन्न प्रखंडों में जाकर देखा जा सकता है। वर्तमान में बाघमारा प्रखंड के निचितपुर एक पंचायत में जिस सड़क का शिलान्यास हुआ है। उस सड़क के दोनों और दूर-दूर तक एक भी घर का नामोनिशान नहीं है। उसके बावजूद भी वहां डीएमएफटी फंड से लाखों की लागत से सड़क, नाली , पेपर ब्लॉक व गार्डवाल का निर्माण किया जाना सुनिश्चित हुआ है।


वही चंद कदमों की दूरी पर दास टोला बस्ती है जिसकी आबादी तकरीबन 3 हजार के आसपास है। वहां के लोग सड़क और नाली की समस्या से दशकों से जूझ रहे हैं। नाली के अभाव में नाली का पानी सड़कों पर बह रहा है। टूटी-फूटी सड़के हैं। दास टोला के आशीष दास, अजय दास, अर्जुन, विकास आदि ने बताया कि बस्ती में सड़क और नाली की जरूरत बहुत ज्यादा है। लेकिन फिर भी यहां सड़क और नाली का निर्माण नहीं कराया जा रहा है।

निर्माण से पहले स्थल का भौतिक निरीक्षण होना चाहिए, मामले से डीसी को अवगत कर आऊंगी
वहीं सड़क शिलान्यास के कुछ ही मिनट के बाद धनबाद जिला परिषद अध्यक्ष शारदा सिंह मौके पर पहुंची। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि जहां लोगों का आवागमन होता हो उसी स्थान में पुल, पुलिया, शेड, नाला और सड़क आदि का निर्माण होना चाहिए। अनावश्यक रूप से डीएमएफटी फंड या किसी भी फंड की बर्बादी से जनता पर टैक्स के रूप में अनावश्यक बोझ पड़ता है। मौजूदा दौर में झारखंड सरकार भी फंड की कमी से जूझ रहा है ऐसे में फंड की बर्बादी किसी भी हाल में नहीं होनी चाहिए। आगे उन्होंने कहा कि निर्माण से पहले स्थल का भौतिक निरीक्षण होना चाहिए। आमसभा में पास होने के बाद संबंधित विभाग के इंजीनियर स्थल का भौतिक निरीक्षण करते हैं। इसके बाद भी यदि सड़क की उपयोगिता पर सवाल उठता है तो इसमें इंजीनियर की लापरवाही जान पड़ती है। उन्होंने कहा कि यदि इस सड़क की उपयोगिता नहीं है तो इसकी जानकारी धनबाद उपायुक्त को देकर आवश्यक कार्रवाई की मांग करूंगी।

क्षेत्र में चर्चा है कि इस सड़क के निर्माण से जमीन कारोबरियों को इसका ज्यादा लाभ पहुंचेगा। सड़क किनारे की जमीन की कीमत बढ़ेगी जिसका सीधा लाभ जमीन कारोबारियों को मिलेगा।
