
कतरास: महुदा के कांड्रा सचिवालय के समीप शनिवार की सुबह एक ट्रक (संख्या JH 09 S 5098) अनियंत्रित होकर पलट गया। ट्रक में चावल लदा हुआ है, और उस पर जिला देवघर के जसीडीह एफसीआई पीडीएस का बोर्ड लगा हुआ है। अहले सुबह करीब 3 बजे स्थानीय लोगों ने ट्रक को पलटा हुआ देखा। ट्रक में बिना किसी स्पष्ट मार्का के लदे चावल की बोरियों को देखकर ग्रामीणों के बीच कालाबाजारी की चर्चा शुरू हो गई है। लोगों का कहना है कि एफसीआई से पीडीएस के लिए भेजे जाने वाले चावल के बोरे सामान्यत सुतरी (जूट) के होते हैं, जबकि इस ट्रक में प्लास्टिक के बोरे का इस्तेमाल किया गया है।

गिरिडीह सांसद प्रतिनिधि रमाशंकर तिवारी ने भी इस मामले में संदेह जताते हुए कहा कि ट्रक में लदे चावल की प्रकृति को देखते हुए कालाबाजारी से इनकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि बड़े पैमाने पर चावल की हेराफेरी की आशंका है, जिसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने जिला उपायुक्त और प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई की मांग की है। साथ ही यह भी कहा कि पीडीएस लाभुकों को वर्ष के 12 माह के बजाय केवल 10 माह ही अनाज मिल पाता है, ऐसे में ट्रक में लदा चावल कहीं उसी कालाबाजारी का हिस्सा तो नहीं, इसकी जांच आवश्यक है।
उन्होंने सवाल उठाया कि एफसीआई जसीडीह का बोर्ड लगाकर चावल आखिर कहां ले जाया जा रहा था, इसकी सच्चाई सामने आनी चाहिए।
