
सीआईएसएफ कमांडर के सामने कंपनी की गाड़ी में हुई तोड़फोड़, अधिकारियों में खौफ
कतरास: धनबाद जिले के सोनारडीह ओपी क्षेत्र के कोरिडीह सीम-3 के पास तिवारी बस्ती में अवैध कोयला खनन के मुहाने का निरीक्षण करने पहुंची बीसीसीएल (BCCL) की टीम पर हमला करने और कंपनी की गाड़ी में तोड़फोड़ करने का गंभीर मामला सामने आया है. यह घटना 29 अक्टूबर 2026 की है, जिसके बाद जोगीडीह कोलियरी प्रबंधन ने सोनारडीह ओपी प्रभारी को लिखित शिकायत देकर अज्ञात लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने और कड़ी कार्रवाई की मांग की है.
प्रबंधन द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, अवैध खनन के मुहाने का जायजा लेने के लिए खनन प्रबंधक, सुरक्षा पदाधिकारी, गोविंदपुर क्षेत्र के अधिकारी और सीआईएसएफ (CISF) के कंपनी कमांडर नलिन कुमार चौबे सहित सुरक्षा बलों की एक संयुक्त टीम मौके पर पहुंची थी. इसी दौरान अचानक कुछ अज्ञात उपद्रवियों ने निरीक्षण दल पर धावा बोल दिया. आरोप है कि इस दौरान अधिकारियों के साथ मारपीट की गई और उनकी आधिकारिक गाड़ी (संख्या JH10CS 7680) में बड़े पैमाने पर तोड़फोड़ कर उसे क्षतिग्रस्त कर दिया गया. प्रबंधन ने इसे कंपनी की संपत्ति को नुकसान पहुँचाने और अधिकारियों की जान जोखिम में डालने वाला दुस्साहसिक कृत्य करार दिया है.

इस सनसनीखेज वारदात ने एक बार फिर पूरे कोयलांचल की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं. सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब निरीक्षण दल के साथ खुद सीआईएसएफ के जवान मुस्तैद थे, तब हमलावरों ने इतनी हिम्मत कैसे जुटाई? सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बावजूद इस तरह का हमला होना क्षेत्र में कानून के इकबाल और प्रशासनिक मुस्तैदी पर बड़ा सवालिया निशान है. इतना ही नहीं जब CISF की मौजूदगी में BCCL के अधिकारी सुरक्षित नहीं है तो क्या CISF काला हीरा की सुरक्षा कर पाने में सक्षम है? इसका जवाब तो CISF ही दे सकती है। फिलहाल, बीसीसीएल प्रबंधन की शिकायत के आधार पर पुलिस मामले की जांच में जुट गई है और सभी की निगाहें सोनारडीह पुलिस पर टिकी हैं कि वह आरोपियों की पहचान कर कब तक उन्हें सलाखों के पीछे पहुँचाती है.
