
कतरास : ग्राम स्वराज अभियान के बैनर तले समाजिक एवं आरटीआई एक्टिविस्ट जगत महतो ने शुक्रवार से अंचल कार्यालय बाघमारा में एक बार पुनः सत्याग्रह आंदोलन शुरू किया है । उन्होंने झारखंड सरकार व बाघमारा सीओ से मांग किया है कि जमीन के डिजिटलाइजेशन एवं अन्य कामों का निष्पादन पहले दिए आवेदन के आधार पर किया जाये । ऐसा नहीं होने से गरीब रैयत किसान, मजदूर वर्ग के जमीन की समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि अंचल कार्यालय बाघमारा में बिचौलिया का बोल बाला है और इसके माध्यम से रिश्वत देने वाले व्यक्तियों का ही काम हो रहा है।
धरना पर बैठे रैयतों ने बताया कि उनका जमीन का ऑनलाइन चढ़ाने , रसीद कटवाने सहित कई कार्य लंबित हैं। बिचौलियों के माध्यम से काम करने की एवज में घुस की मांग की जाती है। घूस देने में सक्षम नहीं है इसलिए धरना में बैठी हुई है। वहीं धरना की अगुवाई कर रहे ग्राम स्वराज अभियान के संस्थापक सह आरटीआई एक्टिविस्ट जगत महतो ने कहा कि अंचल के बड़ा बाबू ने जल्द ही पहले आए सभी आवेदनों का निष्पादन करने की बात कही है। लेकिन इस संबंध में कोई वार्ता नहीं हुई है। जब तक लिखित आश्वासन अथवा सभी कार्यों का निष्पादन नहीं कर दिया जाता है तब तक अनिश्चितकालीन रूप से धरना प्रदर्शन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि मांगे नहीं मानी गई तो संबंधित अधिकारियों का पुतला दहन सहित आंदोलन को और भी तेज किया जाएगा।
सत्याग्रह आंदोलन में शामिल होकर जमुआटांड़ पंचायत के मुखिया निरंजन गोप ने आंदोलन को अपना समर्थन दिया। सत्याग्रह आंदोलन में जगत महतो के साथ सामाजिक कार्यकर्ता प्रेम कुमार, सुरेश रजक, विक्की साव, दिलीप कुमार महतो, कमल महतो, शंकर महतो, मुकेश सिंह, कंचन देवी, कमल महतो, कुसुमी देवी, सारू देवी, प्रयाग महतो, गांधारी देवी, शांति देवी, लखी देवी, गुड़िया देवी, शंभू महतो, जरिया देवी, वीरू भुइयां सहित अन्य दर्जन ग्रामीण थे ।
